Jasrasar times news
जसरासर रबी फसल संवत 2082 की ऑनलाइन गश्त गिरदावरी शुरू होने से पहले ही पटवारियों को कई तकनीकी और प्रशासनिक समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है। इन समस्याओं के समाधान को लेकर राजस्थान पटवार संघ, उपशाखा जसरासर ने जिला कलेक्टर महोदया के नाम तहसीलदार जसरासर के माध्यम से ज्ञापन सौंपा।
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| तहसीलदार को पटवारियों ने ज्ञापन सौंपा। |
संघ के महामंत्री सुंदर लाल जालप ने बताया कि पिछली गिरदावरी के अनुभवों को देखते हुए इस बार कई जरूरी सुधार अपेक्षित हैं, लेकिन वर्तमान में ऑनलाइन एप्प में गिरदावरी सबमिट नहीं हो पा रही है। एप्प पर लगातार “कुछ त्रुटि है, कुछ समय बाद प्रयास करें” का संदेश आ रहा है, जिससे गश्त गिरदावरी कार्य प्रभावित हो रहा है।
ज्ञापन में मांग की गई कि गिरदावरी एप्प को अधिक सुगम बनाया जाए, ओटीपी सिस्टम समयबद्ध हो और आधुनिक संसाधन उपलब्ध कराए जाएं। कुर्क, शुद्ध भूमि और अकृषि प्रयोजन वाली भूमि के खसरों को अलग-अलग संकेतों से प्रदर्शित करने की व्यवस्था की जाए, ताकि मौके पर भ्रम की स्थिति न बने।
संघ ने यह भी आग्रह किया कि संयुक्त खातेदारी वाली भूमि, जो रिकॉर्ड में अलग-अलग खसरों में दर्ज है लेकिन मौके पर एक ही मेड़बंदी में है, उसकी गिरदावरी एक ही लोकेशन से मल्टीपल चयन के माध्यम से करने का विकल्प दिया जाए। बिना बुवाई वाले खसरों और अकृषि भूमि के लिए लोकेशन रहित मल्टीपल विकल्प देने की भी मांग की गई।
पटवारियों का कहना है कि किसान या सर्वेयर द्वारा संपादित गिरदावरी की जांच का दायित्व पटवारी पर न डाला जाए और तकनीकी खामियों या मानवीय भूल को सेवा नियमों की कार्रवाई की बजाय तकनीकी समस्या माना जाए। साथ ही गश्त गिरदावरी के दौरान पटवारी को अन्य कार्यों में न लगाए जाने और DCS गिरदावरी का भुगतान समय पर करने की मांग भी उठाई गई है।संघ को उम्मीद है कि जिला प्रशासन गश्त गिरदावरी शुरू होने से पहले सभी समस्याओं का समाधान करेगा। भूपेन्द्र जाखड़, सुन्दर लाल, जालप, भीख सिंह, हरिराम बिजारणिया, हाड़मान आदि पटवारी उपस्थित रहे


